मुख्य न्यायाधीश ने चार हजार नये ग्राम न्यायालयों की स्थापना का प्रस्ताव रखा
मेरी सरकार न्यूज़ सर्विस
नई दिल्ली, 13 मार्च, 2010
हरियाणा के पंचकूला में न्यायिक सुधार पर आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुये भारत के मुख्य न्यायाधीश केजी बालाकृष्णन ने कहा कि ग्रामीण इलाकों में छोटे मोटे मामलों की वहीं पर सुनवाई के लिये चार हजार ग्राम न्यायालयों की स्थापना की जानी चाहिये.
श्री बालाकृष्णन ने भरोसा दिलाया कि अगले दो सालों में निचली अदालतों के कामकाज, बुनियादी ढांचे और रूपरंग में काफी सुधार दिखायी देगा.
उन्होंने कहा कि इस वित्तीय वर्ष में योजना आयोग ने न्यायालयों के आधारभूत ढांचे में सुधार के लिये पांच हजार करोड़ रुपयों का प्रावधान किया है.
मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि इस रकम का प्रयोग निचली अदालतों के ढांचे और रूपरंग को सुधारने में खर्च किया जायेगा.
उन्होंने कहा कि उच्च न्यायालयों के ढांचे और सुविधाओं में काफी सुधार हुआ है लेकिन निचली अदालतों की हालत अभी भी खस्ता है.