बिहार के नालंदा में अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालय की स्थापना के विधेयक को राज्यसभा की मंजूरी मिली
मेरी सरकार न्यूज़ सर्विस
नई दिल्ली, अगस्त 20, 2010
ऐतिहासिक नालंदा विश्वविद्यालय के भग्नावशेष
राज्यसभा ने शुक्रवार को इस विधेयक को पारित कर दिया है. इसके अन्तर्गत बिहार के नालंदा में एक अंतरराष्ट्रीय विश्वविद्यालय को स्थापित किया जायेगा. प्राचीन भारत में नालंदा को उच्च शिक्षा का विश्व विख्यात केंद्र होने का गौरव प्राप्त था. भारत के अलावा 16 अन्य पूर्व एशियाई देशों की सरकारें नालंदा को एशिया के पुनर्जागरण के केंद्र के रूप में विकसित करने पर काम कर रही हैं.
भावी नालंदा विश्वविद्यालय को आधुनिक और प्राचीन शिक्षा के संगम के रूप में विकसित करने की योजना है. सरकार ने इसके लिये नोबेल पुरस्कार विजेता अर्थशास्त्री और लेखक अमर्त्य सेन के नेतृत्व में अंतरिम प्रबंधन बोर्ड बनाने की मंजूरी भी दे दी है.
नालंदा बिहार की राजधानी पटना के पूर्व में 90 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है. नालंदा में पांचवी सदी ईसा पूर्व विशाल विश्वविद्यालय था जिसमें उस समय 10 हजार से अधिक छात्र विद्याध्ययन करते थे. उस विश्वविद्यालय में 9 मंजिलों का पुस्तकालय भवन था जिसके भग्नावशेष आज भी नालंदा में मौजूद हैं.
राज्यसभा द्वारा पारित नालंदा विश्वविद्यालय विधेयक 2010 के अन्तर्गत 441 एकड़ में विशाल विश्वविद्यालय स्थापित किया जायेगा जिसमें दक्षिण एशिया और दक्षिण पूर्व एशिया के छात्र अध्ययन कर सकेंगे.